
सारंगढ़ : पत्रकार पर हाथ उठाने वाले कृषि विस्तार अधिकारी किये गये निलंबित
उपसंचालक कृषि विभाग ने किया निलंबन आदेश जारी,
कलेक्टर के निर्देश पर किया गया निलंबित,
पत्रकार के साथ मारपीट का पाया गया दोषी, किन्तु आज तक नही हो पाया एफआईआर
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में पत्रकार पोश राम साहू के साथ मारपीट करने वाले कृषि विभाग के
अधिकारी पर आखिरकार प्रशासन का डंडा चल गया है। लंबे समय से चर्चा में रहे इस मामले में
अब बड़ी कार्रवाई सामने आई है। बताया जा रहा है कि जिला कलेक्टर संजय कन्नौजे ने पूरे
मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल संज्ञान लिया और जांच के बाद दोषी पाए गए अधिकारी
पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। कलेक्टर के निर्देश पर उप संचालक कृषि विभाग ने प्रवीण
पटेल, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी को निलंबित कर दिया है। लेकिन पूरे मामलें में आज
तक सिटी कोतवाली पुलिस ने लिखित शिकायत होने के बाद भी एफआईआर नही किया है। वही
कार्यालय में बंधक बनाकर रखने वाले उपसंचालक पर भी कार्यवाही नही किया जा रहा है।
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला के जिला मुख्यालय में 16 अप्रैल को शर्मनाक घटना सामने आई
थी, यहा पीएम किसान सम्मान निधि नही आने से संबंधित जानकारी मांगने पर कृषि विस्तार
अधिकारी पत्रकार और वकील पर बरस पड़े और हाथ-मुक्के के साथ जमकर मारपीट किया था।
पूरा मामला सीसीटीव्ही में रिकार्ड हो गया है। पिड़ितो ने सिटी कोतवाली मे शिकायत दर्ज कराई
है लेकिन आज तक एफआईआर दर्ज नही किया गया है वही कलेक्टर ने पूरे मामले में संज्ञान
लेते हुए नोटिस जारी किया था जिसके तारतम्य में आज ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी प्रणीण
पटेल को निलंबित कर दिया गया। उपसंचालक कृषि अशुतोष श्रीवास्तव की मौजूदगी मे हुए इस
घटना में आरोप है कि पिडित पत्रकार और अधिवक्ता को उपसंचालक ने ही बंधक बनाने का
प्रयास किया था और कुछ समय तक के लिये कार्यालय से जाने नही दिया था। किन्तु पूरे
मामले मे उपसंचालक पर कुछ भी कार्यवाही नही किया गया है। उपसंचालक को साफ तौर पर
बचा लिया गया है।
क्या लिखा है निलंबन आदेश में
उपसंचालक कृषि विभाग के द्वारा जारी आदेश के अनुसार दिनांक 16.04.2026 को कार्यालयीन
समय में पोसराम साहू के द्वारा प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के छः आवेदनों के
साथ अधोहस्ताक्षरी के समक्ष उपस्थित हुए जिसके समाधान के लिए कार्यालयीन शाखा प्रभारी
प्रवीण कुमार पटेल, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी, को बुलाकर आवेदनों का पोर्टल में जांच
करते हुए तत्काल निराकरण करने संबंधि निर्देश दिया गया। परन्तु प्रवीण पटेल, ग्रा.कृ.वि.अधि.
के द्वारा आवेश में आकर पोसराम साहू एवं उनके साथी के साथ मार-पीट किया गया, जिसके
संबंध में स्पष्टीकरण चाहा गया था, प्राप्त जवाब संतोषप्रद नही होने के कारण एवं छत्तीसगढ़
सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 के विपरीत कृत्य होने के कारण श्री पटेल,
ग्रा.कृ.वि.अधि. को प्रथम दृष्टया आचरण नियमों के उलंघन के दोषी पाये जाने के कारण छ.ग.
सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम-9 (1) के तहत तत्काल
सेवा से निलंबित किया जाता है। निलंबन अवधि में श्री पटेल, ग्रा.कृ.वि.अधि. नियमानुसार
जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता के साथ मुख्यालय कार्यालय अनुविभागीय कृषि अधिकारी, सारंगढ़,
जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ नियत किया जाता है।
सप्ताह भर बाद भी एफआईआर नही?
बताया जा रहा है कि पूरे मामले की शिकायत 16 अप्रैल को पत्रकार पोश कुमार साहू और अधिवक्ता
जनक बरेठ ने सिटी कोतवाली पुलिस थाना सारंगढ मे किया है तथा पूरे मामले की सीसीटीव्ही फुटेज भी
शिकायतकर्ता ने साक्ष्य के तौर पर प्रस्तुत किया है फिर भी आज सप्ताह भर बीतने के बाद भी लेकिन
आरोपी ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी प्रवीण कुमार पटेल पर एफआईआर दर्ज नही किया गया है। जिस
दबंगई अंदाज मे कृषि विस्तार अधिकारी प्रवीण पटेल ने पत्रकार पोश कुमार के ऊपर हमला करते हुए
मारपीट किया उससे साफ प्रतीत हो रहा था कि वह पत्रकार पोश कुमार का जान भी ले सकता था।
आरोपी ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी ने लगभग 8-10 बार मुक्के से पिडित पोश कुमार के चेहरे पर
वार किया जिससे उसकी मंशा खतरनाक दिख रही है। जिस प्रकरण मे कलेक्टर ने मारपीट करने के
कारण से ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी को निलंबित कर दिया है उस मामलें में सप्ताहभर बीतने के
बाद भी एफआईआर दर्ज नही होने से कई सवाल खड़े हो रहे है?




