
सारंगढ़ क्षेत्र में प्रस्तावित चूना पत्थर खदान के विरोध में विधायक उत्तरी जांगड़े ने मुख्यमंत्री के
सचिव को सौंपा ज्ञापन

सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
सारंगढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम खैराहा, कुटेला एवं दुर्गापाली क्षेत्र में प्रस्तावित चूना पत्थर खदान के संचालन को लेकर स्थानीय जनता की चिंताओं को गंभीरता से लेते हुए विधायक श्रीमती उत्तरी जांगड़े ने मुख्यमंत्री के सचिव श्री पी. दयानंद को ज्ञापन सौंपकर खदान संचालन पर रोक लगाने की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि लगभग 1800 एकड़ भूमि पर चूना पत्थर खदान खोले जाने की तैयारी की जा
रही है, जिससे क्षेत्र के पर्यावरण, जल स्रोतों, कृषि भूमि एवं जनस्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है। विधायक ने कहा कि खदान संचालन से धूल एवं प्रदूषण बढ़ेगा, जिससे वायु गुणवत्ता प्रभावित होगी और लोगों में श्वसन संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि खदान के कारण भूजल स्तर में गिरावट, जल स्रोतों के प्रदूषित होने तथा कृषि भूमि की उत्पादकता प्रभावित होने की
संभावना है, जिससे किसानों की आजीविका पर संकट उत्पन्न हो सकता है। साथ ही भारी वाहनों की आवाजाही से दुर्घटनाओं और ध्वनि प्रदूषण की समस्या बढ़ने की आशंका भी जताई गई है। विधायक श्रीमती उत्तरी जांगड़े ने कहा कि सारंगढ़ को
जिले का दर्जा मिलने के बाद क्षेत्र के समग्र विकास और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की उम्मीद थी,
लेकिन प्रस्तावित खदान से क्षेत्र के पर्यावरण एवं जनजीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने जनभावनाओं का सम्मान करते हुए प्रस्तावित चूना पत्थर खदान पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। ज्ञापन में क्षेत्र की जैव विविधता, प्राकृतिक संसाधनों और नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की अपील की गई है। विधायक ने आशा व्यक्त की कि शासन स्थानीय जनता की भावनाओं एवं हितों को ध्यान में रखते हुए उचित निर्णय लेगा।



