
दैनिक सारंगढ़ टाईम्स के मुख्य खबरे 01. 09 . 2026…..

सारंगढ़ में भीषण सड़क हादसा : तेज रफ्तार माजदा ने श्रद्धालुओं से भरी पिकअप को मारी टक्कर, 2 की मौत,
पिकअप और ट्रक की टक्कर में 17 घायल,
5 गंभीर रूप से घायल रायगढ़ रेफर, ड्राइवर
गिरफ्तार
चंद्रहासिनी मंदिर का दर्शन करके लौट रहे थे श्रद्धालु,
महासमुंद के पतेरापाली के रहवासी है श्रद्धालु,
मौके पर मची चीख-पुकार,
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
सारंगढ़ में रायगढ़ रोड़ में भीषण सड़क हादसे में 2 लोगो की मौत हो गई। रायगढ़ रोड़ कुशलनगर के पास श्रद्धालुओं से भरी पिकअप को ट्रक ने पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में 2 श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 17 लोग घायल हुए हैं। घायलों में 5 की हालत को देखते हुए प्राथमिक इलाज के बाद उन्हें रायगढ़ रेफर किया गया है। घटना सिटी कोतवाली थाना इलाके की है। लगभग 12 बजे हुई इस दुर्घटना से मौके पर अफरा-तफरी का माहौल हो गया। घायलो मे चीख-पुकार मच गया। इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार, महासमुंद जिले के बागबहरा क्षेत्र के पतेरापाली गांव के रीब 25 लोग पिकअप में सवार होकर चंद्रपुर स्थित मां चंद्रहासिनी माता के दर्शन के लिए गए थे।

दर्शन के बाद सभी वापस लौट रहे थे। इसी दौरान सारंगढ़ में रायगढ़ रोड़ स्थित सीपीएम कॉलेज के पास श्रद्धालुओ से भरी पिकअप को पीछे से स्वराज माजदा गाड़ी ने ठोकर मार दिया। इस हादसे में पिकअप सवार श्रद्धालुओ को जमकर चोटे आई है। बताया जा रहा है कि पिकअप आगे जा रही थी, तभी पीछे से आ रहे ट्रक ने उसे टक्कर मार दी। टक्कर के बाद पिकअप में सवार लोगों में चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगो़ ने तत्काल सिटी कोतवाली पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाया।

हादसे में दो श्रद्धालुओं की मौत, 17 घायल

हादसे में उमेश दीवान (14) और भुवनेश्वरी दीवान (40) की मौत हो गई। वहीं चेतन ठाकुर (15), हेमलाल दीवान (32), अंजलि दीवान (18), केशव राम पटेल (50), होलेश्वर ठाकुर (35), कामिनी दीवान (28), योगेश दीवान (32), कुसुम ठाकुर (17), वीर पटेल (13), रूपलाल पटेल (35), रूपलाल पटेल की बेटी, ओम बाई ठाकुर (34), केशव पटेल (50), फलीस ठाकुर (34) और टेक सिंह ध्रुव (25) घायल हुए हैं। घायलो मे 5 गंभीर रूप से घायलो को मेडिकल कालेज रायगढ़ रिफर किया गया है। जहा अभी उनकी स्थिति सामान्य
बनी हुई है।

सिटी कोतवाली पुलिस ने हादसे के बाद ट्रक ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है। हादसे में शामिल ट्रक को भी पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
फर्जी नामांतरण करके जमीन बिक्री के मामले में 7 लोगो के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज,
तहसीलदार कार्यालय के अधिकारियो पर भी अपराध
पंजीबद्ध,
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले मे सामने आया बड़ा
फर्जीवाड़ा,
पुरगांव में भू-स्वामी और उसकी पत्नी का नाम
विलोपित करके किया गया फर्जी नामांतरण?
कुटरचित दस्तावेज तैयार करके किया गया नाम विलोपित?
कोटवार, नोटरी सहित कई लोगो के खिलाफ
एफआईआऱ
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के बिलाईगढ़ तहसील में बड़ा फर्जीवाड़ा का मामला उजागर हुआ है। भू-स्वामी का फर्जी हस्ताक्षर बनाकर ग्राम पुरगॉव के राजस्व खाते की भूमि से विलोपित करके भूमि को विक्रय करने के मामले मे बिलाईगढ़ पुलिस ने कोटवार, नोटरी सहित 7 लोगो के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया है। आरोपी संदीप कुमार जायसवाल, यश कुमार जायसवाल, प्रियंका जायसवाल, आलोक जायसवाल, ओंकार जायसवाल, जी. आर. निराला शपथ आयुक्त, संत दास ग्राम कोटवार तथा तहसीलदार कार्यालय के संलिप्त अधिकारी के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(3), 318(4),319- 336(3),338,339,340 तथा 61(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।
इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार रामेश्वर पिता लक्ष्मीनारायण तथा रामकुमारी पति प्रहलाद दोनो ग्राम पुरगॉव थाना व तहसील बिलाईगढ़ जिला सारंगढ़ बिलाईगढ़ (छ.ग.) के रहने वाले है। उन्होने बताया कि ग्राम पुरगॉव तहसील बिलाईगढ़ में उनके एवं संदीप कुमार जायसवाल, यश कुमार जायसवाल, प्रियंका जायसवाल, आलोक जायसवाल, ओंकार जायसवाल के नाम से राजस्व रिकार्ड में संयुक्त खाते के रूप में भूमि दर्ज होकर चला आ रहा था।
रामेश्वर पिता लक्ष्मीनारायण तथा रामकुमारी पति प्रहलाद के बिना जानकारी के बगैर, ओंकारेश्वर पिता राधेश्याम के द्वारा दिनांक 30/06/2026 को एक 50/- रूपये के स्टॉम्प पेपर रामेश्वर पिता लक्ष्मीनारायण के नाम पर क्रय किया और उक्त स्टाम्प पेपर पर एक शपथपत्र बनवाया। जिसमें रामेश्वर एवं रामकुमारी को शपथकर्ता के रूप में लेख करते हुए, यह लेख कर दिये कि ग्राम पुरगाँव स्थित भूमि खाता क्रमांक 1032 जिसका कुल ख. न. 09 कुल रकबा 0.924 हे. भूमि में से हमारा नाम काटकर भतीजा संदीप वगैरह के नाम पर बंटवारा में दे रहे है, कहकर हमारी बिना जानकारी एवं सहमति के ओंकारेश्वर एवं आलोक जायसवाल के द्वारा हमारा अनुपस्थिति में हमारा फर्जी हस्ताक्षर कर शपथपत्र, शपथ आयुक्त जी. आर. निराला के द्वारा सत्यापित कर दी गई है। जिसमें आलोक जायसवाल एवं ओंकारश्वर जायसवाल के द्वारा पहचानकर्ता गवाह के रूप में लेख है।
उक्त फर्जी स्टाम्प पेंपर के आधार पर आलोक एवं ओंकारेश्वर के द्वारा तत्कालीन तहसीलदार कमलेश एवं ग्राम कोटवार संतदास से सांठ-गांठ कर, रामेश्वर का फर्जी हस्ताक्षर बनाकर न्यायालय तहसीलदार बिलाईगढ़ के समक्ष खाते से नाम विलोपित करने के संबंध में आवेदन प्रस्तुत कर दी गई। उक्त आवेदन के आधार पर तहसीलदार बिलाईगढ़ के द्वारा बिना साक्ष्य लिये, बिना हमारी उपस्थिति एवं सहमति के, पंजीकृत विलेख (हक त्याग एवं बंटवारानामा) के नामांतरण बंटवारा की कार्यवाही एक साथ, एक ही दिन, एक ही आदेश पत्र में दिनांक 07/08/2026 को तत्कालीन तहसीलदार के द्वारा उक्त खाता से नाम विलोपित करने का आदेश पारित कर दिया गया। तत्कालीन तहसीलदार एवं ग्राम कोटवार, अनावेदकगण सभी उक्त कार्य करने के लिए षडयंत्र पूर्वक योजना बनाकर किये है।
उक्त प्रकरण की नकल लेने पर रामेश्वर पिता लक्ष्मीनारायण तथा रामकुमारी पति प्रहलाद को ज्ञात हुआ कि उनका फर्जी हस्ताक्षर कर संदीप कुमार जायसवाल, यश कुमार जायसवाल, प्रियंका जायसवाल, आलोक जायसवाल, ओंकार जायसवाल के द्वारा उक्त प्रकरण दर्ज कर हमारे नाम से संयुक्त खाते में दर्ज भूमि में नाम को विलोपित कर दी गई है जबकि रामेश्वर पिता लक्ष्मीनारायण तथा रामकुमारी पति प्रहलाद उक्त कार्य के लिए एक भी दिन तहसील कार्यालय में उपस्थिति नही हुए है और न ही ग्राम कोटवार के द्वारा ईश्तहार में उनका हस्ताक्षर कराया गया है। ईश्तहार में भी उनका फर्जी हस्ताक्षर किया गया है। हस्तलिपि विशेषज्ञ से हमारा हस्ताक्षर और राजस्व प्रकरण क्रमांक/अ-27 /वर्ष 2025-26 में हमारे नाम से जहाँ-जहाँ भी हस्ताक्षर है उसे मिलान किये जाने पर हमे कोई आपत्ति नही है।
रामेश्वर और रामकुमारी ने शिकायत किया कि संदीप कुमार जायसवाल, यश कुमार जायसवाल, प्रियंका जायसवाल, आलोक जायसवाल, ओंकार जायसवाल के द्वारा सभी एक राय होकर हमारे संयुक्त खाते की भूमि से हमारा नाम को षडयंत्र कर, फर्जी हस्ताक्षर कर तत्कालीन तहसीलदार से दुरभी संधि कर शेष खातेदारों को लाभपहुँचाने के नियत कार्य किया गया है उससे हमे मानसिक एवं आर्थिक कष्ट उठना पड़ रहा है, क्योंकि उक्त भूमि से हमारा नाम विलोपित होने के तुरंत बाद ही उक्त भूमि एंव मकान को दिनांक 11/08/2026 को तथा 19/8/2026 को विक्रय कर संपूर्ण प्रतिफल की राशि प्राप्त कर अनावेदकगण आपस में बांट लिये है।
बिलाईगढ़ पुलिस ने इस मामले में आरोपी संदीप कुमार जायसवाल, यश कुमार जायसवाल, प्रियंका जायसवाल, आलोक जायसवाल, ओंकार जायसवाल, जी. आर. निराला शपथ आयुक्त, संत दास ग्राम कोटवार तथा तहसीलदार कार्यालय के संलिप्त अधिकारी के खिलाफ बीएनएस की धारा 318(3), 318(4), 319- 336(3),338,339,340 तथा 61(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया है।
फोटो-बिलाईगढ़ तहसील कार्यालय का फाईल फोटो लगा देगें।़
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के हितग्राहियों को अब निःशुल्क रेत

सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/रायपुर,
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज नया रायपुर स्थित मेफेयर लेक रिज़ॉर्ट में आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G) के पात्र हितग्राहियों को निःशुल्क रेत उपलब्ध कराने के लिए ‘ई-रेत संगवारी’ पोर्टल का शुभारंभ किया। इस पहल का उद्देश्य प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत स्वीकृत आवासों के निर्माण में हितग्राहियों को रेत की उपलब्धता आसान बनाना और उनके पक्के घर के सपने को साकार करने में सहयोग देना है।
‘ई-रेत संगवारी’ पोर्टल के माध्यम से PMAY-G के पात्र हितग्राहियों को निःशुल्क रेत उपलब्ध कराई जाएगी। पोर्टल पर पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन रखी गई है, जिससे रेत की मांग, स्वीकृति एवं उपलब्धता की प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होगी। इससे हितग्राहियों को रेत प्राप्त करने के लिए अनावश्यक भागदौड़ और प्रक्रियागत कठिनाइयों से राहत मिलेगी।
आवास निर्माण में मिलेगी बड़ी राहत
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत ग्रामीण क्षेत्रों के जरूरतमंद परिवारों को पक्का आवास उपलब्ध कराया जा रहा है। आवास निर्माण में रेत एक महत्वपूर्ण निर्माण सामग्री है। ऐसे में पात्र हितग्राहियों को निःशुल्क रेत उपलब्ध कराने की यह व्यवस्था उनके निर्माण खर्च को कम करने में सहायक होगी और आवास निर्माण को गति मिलेगी। ‘ई-रेत संगवारी’ के माध्यम से सरकार ने आवास योजना के लाभ को निर्माण सामग्री की सुविधा से जोड़ते हुए हितग्राहियों को अतिरिक्त सहयोग उपलब्ध कराया है। इससे ग्रामीण परिवारों के लिए अपने सपनों का पक्का घर बनाना और आसान होगा। ‘आपके सपनों का घर, हमारी जिम्मेदारी’ ई-रेत संगवारी पोर्टल प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के पात्र हितग्राहियों के लिए राज्य सरकार की जनकल्याणकारी पहल है। निःशुल्क रेत, ऑनलाइन प्रक्रिया, पारदर्शिता और सुविधा इसके प्रमुख आधार हैं। यह पहल ग्रामीण परिवारों को आवास निर्माण में आर्थिक राहत देने के साथ उन्हें सम्मानजनक और सुरक्षित आवास उपलब्ध कराने के सरकार के संकल्प को मजबूत करती है।
अवैध खदान में पाटे गए फ्लाईऐश के बहने से हाई वोल्टेज बिजली पोल धंसी, 36 घंटे बाधित रही आपूर्ति

सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/साल्हेओना,
132 केवी सब स्टेशन खिंचरी, बरमकेला से कटंगपाली क्षेत्र के क्रशरों के लिए आने वाली 33 केवी लाइन की एक बिजली पोल अवैध खदान के किनारे धंस गई। इससे क्रशर फीडर की लाइन 36 घंटे तक बाधित रही। बताया जा रहा है कि कटंगपाली स्थित नाले के पास एक अवैध खदान के गड्ढे को फ्लाईऐश से मनमाने तरीके से पाट दिया गया था। अब बरसात के दिनों में इसका असर दिखने लगा है। रविवार सुबह उसी खदान के किनारे 33 केवी लाइन की एक बिजली पोल धंस गई और हाई वोल्टेज तार झूलने लगे। इसकी सूचना बिजली विभाग को दी गई, जिसके बाद बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई। सोमवार को धंस रहे बिजली पोल को उस जगह से हटाकर दूसरी जगह पर स्थापित किया गया। फिलहाल फ्लाईऐश को गलत तरीके से पाटने से बिजली पोल पर ध्यान न देने का विपरीत असर दिखने लगा है। प्रशासन की अनदेखी से फ्लाईऐश को जहां-तहां डंप करने का दुष्परिणाम अब सामने आने लगा है।

नाले से 50 मीटर नजदीक में पाट दिया गया फ्लाईऐश पिछले एक साल में कटंगपाली नाले के नजदीक 50 मीटर के दायरे में फ्लाईऐश पाट दिया गया है। इससे नाले के पानी के बहाव की दिशा पर असर पड़ रहा है और किनारे की मिट्टी का कटाव होने लगा है। इसके
बावजूद भी संबंधित विभाग का ध्यान इस ओर नहीं है। न क्रशर उद्योगों में होती है बिजली सप्लाई कटंगपाली खदान के पास धंसे बिजली पोल के सुधार कार्य के दौरान इन क्रशरों में बिजली आपूर्ति बाधित रहने से कामकाज बंद रहा, जिसमें बाबा बैद्यनाथ मिनरल्स साल्हेओना, शुभ मिनरल्स बिलाईगढ़, सालासर इंटरप्राइजेज साल्हेओना, आराधना मिनरल्स कटंगपाली, बिंदल क्रशर कटंगपाली, सद्गुरु साईं मिनरल्स कटंगपाली और आर्यन मिनरल्स दुलमपुर शामिल हैं। हालांकि दूसरे फीडर से इंटर सप्लाई चालू कर दी गई थी।
क्या कहते है जे.ई.
"खदान के पास धंस रहा बिजली पोल को हटाकर दूसरे जगह पर स्थापित करवा दिया गया है। क्रशर फीडर में 33 केव्ही लाइन आपूर्ति बहाल हो गया है।
किशन भोई, जे ई, विद्युत वितरण केंद्र, साल्हेओना
निगरानी, गुंडा एवं आदतन बदमाशों सहित पूर्व अपराधियों की थाना सारंगढ़ में ली गई परेड
अपराध से दूर रहकर समाज की मुख्यधारा में सम्मानपूर्वक जीवन-यापन करने दी गई समझाइश
दोबारा अपराध में संलिप्त पाए जाने पर कड़ी वैधानिक कार्रवाई की दी गई चेतावनी
अभियान के दौरान सारंगढ़ अनुविभाग के 19 अपराधी रहे उपस्थित
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ के पुलिस अधीक्षक श्री सुनील शर्मा एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री धीरेंद्र पटेल के निर्देशन एवं कुशल मार्गदर्शन में जिले में अपराध नियंत्रण एवं पूर्व अपराधियों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखने के उद्देश्य से लगातार प्रभावी कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में आज दिनांक 31 अगस्त 2026 को थाना सारंगढ़ में पुलिस अनुविभाग सारंगढ़ अंतर्गत थाना कोतवाली, कोसीर, केडार एवं चौकी कनकबीरा के निगरानी बदमाश, गुंडा बदमाश, आदतन बदमाश, अवैध शराब विक्रेताओं तथा मारपीट सहित विभिन्न अपराधों में पूर्व में संलिप्त रहे व्यक्तियों की परेड एवं निगरानी बैठक आयोजित की गई। कार्यक्रम में पुलिस अनुविभागीय अधिकारी सारंगढ़ गोविंद दीवान, थाना प्रभारी कोतवाली प्रमोद यादव एवं चौकी प्रभारी कनकबीरा टीकाराम खटकर द्वारा उपस्थित पूर्व अपराधियों को अपराध से दूर रहने की सख्त हिदायत दी गई।

अपराध से दूरी और परिवार की जिम्मेदारी का दिया संदेश
पुलिस अधिकारियों द्वारा समझाइश देते हुए बताया गया कि अपराध का रास्ता केवल व्यक्ति को कानून के कटघरे तक नहीं पहुंचाता, बल्कि धीरे-धीरे उसे अपने परिवार, सगे-संबंधियों और समाज से भी दूर कर देता है। अपराध के कारण व्यक्ति की सामाजिक प्रतिष्ठा प्रभावित होती है तथा उसके परिवार को भी अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। पूर्व में अपराधों के लिए सजा काटकर वापस आए व्यक्तियों को विशेष रूप से समझाइश दी गई कि वे अपराध के दलदल से पूरी तरह बाहर निकलकर समाज की मुख्यधारा में सम्मानपूर्वक जीवन व्यतीत करें।

अपने एवं अपने परिवार के बेहतर भविष्य के लिए मेहनत एवं ईमानदारी से जीविकोपार्जन का साधन
अपनाने तथा गलत संगति से दूर रहकर अच्छे लोगों की संगति करने की सलाह दी गई। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट रूप से चेतावनी दी कि यदि कोई व्यक्ति दोबारा अपराध में संलिप्त पाया जाता है अथवा आपराधिक गतिविधियों में शामिल होता है, तो उसके विरुद्ध कानून के तहत कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी और उसे दंड भुगतने के लिए तैयार रहना होगा। जिला पुलिस द्वारा इस प्रकार की परेड एवं निगरानी कार्यवाही का उद्देश्य अपराधियों में कानून का भय उत्पन्न करने के साथ-साथ उन्हें अपराध का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में सम्मानजनक जीवन जीने के लिए प्रेरित करना है।
छत्तीसगढ़ राज्य बीज-कृषि विकास निगम के नाम से जारी हुआ फर्जी नियुक्ति पत्र?
निष्काषित बीजेपी नेता के काले कारनामे उजागर, FIR की तैयारी,

सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/बलौदाबाजार,
छत्तीसगढ़ राज्य बीज-कृषि विकास निगम के नाम से जारी फर्जी नियुक्ति पत्र का मामला सामने आया है। इसमें कसडोल में निगम का कार्यालय नहीं होने के बावजूद डाटा एंट्री ऑपरेटर के पद पर नौकरी दिलाने का झांसा दिया गया। भाजपा नेता कृष्णा अवस्थी पर नौकरी के नाम पर 2 लाख रुपए लेने का आरोप लगा है। वह पहले से ही फर्जी तबादला मामले में जेल में हैं। जानकारी के मुताबिक, कसडोल के रहने वाले हेमंत साहू को कृष्णा अवस्थी ने डाटा एंट्री ऑपरेटर के स्थायी पद पर नौकरी दिलाने का वादा किया था। आरोप है कि इसके बदले कृष्णा अवस्थी ने हेमंत साहू से 2 लाख रुपए लिए। पीड़ित के दोस्त मेघनाथ बंजारे ने मामले की शिकायत बलौदाबाजार एसपी से की है। शिकायतकर्ता के अनुसार, आरोपी ने पूरे मामले को इस तरह तैयार किया था कि हेमंत साहू को कोई शक नहीं हुआ और उन्होंने राशि दे दी। जब नियुक्ति की तारीख आई और हेमंत साहू कार्यालय जाने की तैयारी करने लगे,
तब पता चला कि कसडोल में छत्तीसगढ़ राज्य बीज-कृषि विकास निगम का कोई कार्यालय ही नहीं है। फर्जी नियुक्ति पत्र रायपुर स्थित "बीज भवन" के लेटरहेड पर जारी किया गया था। इसमें 6 जुलाई 2026 को ज्वाइनिंग की तारीख और 30,700 रुपए मासिक वेतन बताया गया था। पत्र में शैक्षणिक प्रमाण पत्र, जन्मतिथि प्रमाण, आयु प्रमाण और फोटो सहित कई दस्तावेज मांगे गए थे। पत्र में नौकरी की शर्तें, अनुशासन से जुड़े नियम और काम की जिम्मेदारियों का भी विस्तार से उल्लेख किया गया था। इसकी बनावट इतनी वास्तविक थी कि इसे देखकर सामान्य व्यक्ति को फर्जी होने का शक नहीं हो सकता था।
महाप्रबंधक विनोद कुमार वर्मा ने पत्र मिलने के बाद इसे पूरी तरह अवैध बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बलौदाबाजार जिले के कसडोल में निगम की कोई इकाई नहीं है। पिछले दो साल से विभाग में कोई भर्ती अभियान भी नहीं चला है। विनोद वर्मा ने बताया कि नियुक्ति पत्र पर किए गए उनके हस्ताक्षर भी कॉपी-पेस्ट किए गए हैं। उनके अनुसार, किसी पुराने आदेश को स्कैन कर कॉपी-पेस्ट के
जरिए यह दस्तावेज तैयार किया गया। फॉन्ट और लेआउट में थोड़ा बदलाव कर इसे नया रूप दिया गया। महाप्रबंधक ने कहा, "यह बेरोजगारों की मजाक नहीं, बल्कि उनके सपनों के साथ क्रूर खिलवाड़ है।" विनोद वर्मा ने मामले में तेलीबांध थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि विभाग के लेटरहेड और हस्ताक्षरों का इस तरह इस्तेमाल करने से संस्थान की साख को नुकसान पहुंचता है। उन्होंने फर्जीवाड़े में शामिल मुख्य आरोपी और उसके सहयोगियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। थाना प्रभारी ने शिकायत स्वीकार कर जल्द जांच शुरू करने का आश्वासन दिया।



