
किंकारी नाला पर निर्माणाधीन उच्च स्तरीय पुल की पहुंच मार्गों में निर्माण में हो रही गड़बड़ी!

बिना तकनीकी अधिकारी के शेष कार्यों को दिया जा रहा अंजाम!
सालों से कछुआ गति से बन रहा दो राज्यों को जोड़ने वाला किंकारी नाला पुल
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/साल्हेओना,
पिछले चार साल से बरमकेला – बडे़ नवापारा स्थित किंकारी नाला पर उच्च स्तरीय पुल मय पहुंच मार्ग का निर्माण कछुआ गति से किया जा रहा है। इसके निर्माण को लेकर विधानसभा सत्र में सवाल उठाने के बाद अब शेष कार्यों को शुरु किया गया है। किंतु एक बार फिर से संबंधित निर्माण एजेंसी व सेतु निर्माण विभाग की लापरवाही सामने आ रही है। पुल के दोनों तरफ के पहुंच मार्गों के निर्माण में
अनियमितता किया जा रहा है। ग्राम बडे़ नवापारा के ग्रामीणों का आरोप है कि किंकारी नाला पर उच्च स्तरीय पुल के बड़े नवापारा की तरफ़ पहुंच मार्ग की निर्माण एक माह से किया जा रहा है।
लेकिन पहुंच मार्ग के निर्माण में मिट्टी की चौडाई कम है और बेतरतीब ढंग कर दिया गया है। पक्की दीवार तक मिट्टी – मुरुम ही नहीं डाली गई है। यहां तक कि पहुंच मार्ग बनाने के लिए सड़क किनारे पुराने मिट्टी को उखाड़ कर डाल दिया जा रहा है। छोटी पुलिया के पास पक्की दीवार तक मिट्टी,मुरुम नहीं डाला गया है और पानी की छिडकाव न होने से धूल उड़ रही है। मिट्टी की चौडाई एक समान नहीं है। इस मामले में सेतु निर्माण विभाग के अधिकारियों का ध्यान नहीं है। इस वजह से निर्माण एजेंसी के द्वारा खुलकर मनमानी किया जा रहा है।

विक्रमपाली गांव की सड़क नीचे हो रही, दुर्घटना की संभावना बड़े नवापारा की तरफ बन रहा पहुंच मार्ग निर्माण के चलते विक्रमपाली गांव की तरफ पक्की दीवार
बनाया गया है किंतु कार्य प्रारंभ समय में विक्रमपाली गांव पहुंच मार्ग का निर्माण अब तक शुरु नहीं होने के कारण विक्रमपाली गांव की सड़क काफी नीचे होने के कारण सड़क घाट जैसा बनने लगा है। इससे दुर्घटनाएं होने की संभावना होगीं। करोड़ों की लागत से तैयार हो रहा उच्च स्तरीय पुल मय पहुंच मार्ग के निर्माण में मानक प्राक्कलन का पालन नहीं किया जा रहा है । यहां तक कि निर्माण एजेंसी के पास तकनीकी अधिकारी भी नहीं है। ऐसे में ग्रामीणों ने ऊंचाई वाले स्थान से विक्रमपाली पक्की सड़क तरफ के मध्य दूर तक नये सपाट सड़क बनाने की मांग की है।

बरमकेला पहुंच मार्ग बना धनुषाकार बरमकेला पहुंच मार्ग का निर्माण पहले वाले मिट्टी कार्य को बंद कर पुनः इस ओर पहुंच मार्ग गलत ढंग से निर्माण कराया जा रहा है। इससे बरमकेला पहुंच मार्ग धनुषाकार जैसा बन रहा है। धनुषाकार बनने से
दुर्घटनाओं को आमंत्रित किया जा रहा है। लेकिन इस मामले में न अधिकारियों का ध्यान है और न ही निर्माण एजेंसी को। हालांकि पहुंच मार्ग का कार्य बंद कर दूसरे तरफ के शेष कार्यों को पूर्ण कराने की जल्दबाजी हो रही है। न सूचना बोर्ड का पता है और न अधिकारी गंभीर है बरमकेला – बडे़ नवापारा स्थित किंकारी नाला पर उच्च स्तरीय पुल मय पहुंच मार्ग का निर्माण पिछले चार साल से रुक – रुककर किया जा रहा है।

हैरानी की बात है कि करोड़ों की लागत से निर्माण कार्य स्थल के पास निर्माण संबंधी सूचना बोर्ड नहीं है। निर्माण कार्य में हो रहे अनियमितता को लेकर नवपदस्थ ई ई संतोष कुमार भगत को उनके मोबाइल नंबर पर फोन लगने के बाद भी रिसीव नहीं किया गया। इससे समझा जा सकता है कि अधिकारी उक्त मामले में गंभीर नहीं है।



