
विधानसभा में मामला गूंजने के बाद भी धड़ल्ले से जारी है कुटेला में फ्लाईएश की अवैध डंपिंग?

जिला प्रशासन अवैध फ्लाईएश डंपिंग पर कार्यवाही करने से हट
रही है पीछे?
जहा अनुमति नही वहा पर भी हो रहा है अवैध डंपिंग?
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला बना अपशिष्ट पदार्थो का डस्टबिन?
रसूखदारो के भारी वाहन चौबीसो घंटे जिले मे खाली कर रहे है
फ़्लाईएश?
सारंगढ़ टाईम्स न्यूज/सारंगढ़,
उद्योग रायगढ़ का, राजस्व रायगढ़ को, सीएसआर का पैसा रायगढ़ को, रोजगार रायगढ़ को अैर विकास रायगढ़ को किन्तु पर्यावरण प्रदूषण सारंगढ़ को? जी हां छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल रायगढ़ के अधिकारी इसी फार्मूला पर काम कर रहे है और एनर्जी उद्योगो से निकलने वाले अपशिष्ट फ्लाईएश को सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिला के खदानो मे डंप कराने मे रूचि ले रहे है। अवैध खनन से खदान बन चुके गड्ढ़ो मे भारी मात्रा मे फ्लाईश डंप करने के लिये कही दूर जंगल नही बल्कि नगर पालिका सारंगढ़ के वार्ड क्रमांक-1 कुटेला को चुना है जहा पर कई लाख मिट्रिक टन फ्लाईएश का डंप करने के बाद भी अवैध डंपिंग का कार्य रसूखदार नेताओ के दम पर बेखौफ जारी है।
सारंगढ़ के कुटेला में स्थित शासकीय महाविद्यालय से लगा हुआ सरकारी भूमि 6/1 में अवैध खनन कर दिया गया तथा इसको बड़ा गड्ढ़ा का रूप दे दिया गया। जिला प्रशासन की नजर मे यह छोटा गड्ढ़ा है जिसके लिये फ्लाईएश को डंप करने के लिये अड़ानी ग्रुप को 12 मार्च 2025 को पर्यावरण संरक्षण मंडल के क्षेत्रीय पर्यावरण अधिकारी ने आदेश जारी कर दिया। जिसके तारतम्य में एक साल मे 2 लाख मिट्रिक टन फ्लाईएश का डंपिंग इस खदान में कर दिया गया। बताया जा रहा है कि 2 लाख मिट्रिक टन का फ्लाईएश का डंपिंग करने के बाद आसपास के सरकारी भूमि पर अवैध रूप से बना हुआ पत्थर खदानो मे भी अवैध रूप से डंपिंग
का काम बदस्तूर जारी है। विधानसभा में विधायक श्रीमती उत्तरी जांगड़े के द्वारा उठाया गया सवाल के जवाब में अधिकारियो ने साफ तौर पर लिख दिया कि किसी भी प्रकार से पत्थर खदानो में फ्लाईएश डालने की कोई अनुमति नही दिया गया है किन्तु प्रतिदिन सैकड़ो वाहनो मे फ्लाईएश का डंप देखने के बाद भी जिला प्रशासन किस बात को लेकर आंख मूंद रहा है?
यह कई सवालो को जन्म दे रहा है। बताया जा रहा है कि रायगढ़ के रसूखदान ट्रासंपोर्टर के द्वारा सारंगढ़ को प्रदूषित करने का ठेका लिया गया है तथा हर दिन सैकड़ो वाहन में अवैध रूप से फ्लाईएश का डंप यहा पर किया जा रहा है। कुटेला के सरकारी भूमि पटवारी हल्का नंबर 28 के खसरा नंबर 6/1 के 3 हेक्टेयर पर फ्लाईएश का डंप करने के बाद अब फ्लाईएश माफिया कुटेला से खम्हाडीह मार्ग पर कई सरकारी और निजी भूमि पर अवैध रूप से फ्लाईएश डंप करने का
काम धड़ल्ले से कर रहा है। कोसीर रोड़ के दोनो ओर खाली पड़े प्लाट और अवैध रूप से उत्खनन करके बनाये गये खदानो मे जमकर फ्लाईएश का खपत बदस्तूर जारी है। नगर पालिका सारंगढ़ के वार्ड क्रमांक-1 कुटेला के रिक्त पड़े सरकारी भूमि पर फ्लाईएश के दलालो का गिद्ध दृष्टि पड़ी हुई है तथा दिन-रात एक करके प्रति दिन सैकड़ो वाहनो के आवागमन के साथ इस स्थान पर अवैध रूप से फ्लाईएश की डंपिंग किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की
सड़क जिस पर 12 टन से अधिक वजनी की भारी वाहनो का आवागमन प्रतिबंधित है वहा पर प्रति दिन 30 टन से लेकर 40 टन तक की वजनी भारी वाहन फ्लाईएश को लेकर आ रही है और क्षेत्र के सड़को को जर्जर करते हुए पूरे कुटेला क्षेत्र में तबाही मचाते हुए फ़्लाईएश को जिस अंदाज मे डंप कर रही है
उससे बड़े स्तर पर सौदा होने की संभावना से इंकार नही किया जा सकता है। सबसे बड़ी बात प्रदूषण फैला रही तथा अवैध रूप से फ्लाईएश ला रही इस भारी वाहनो पर जिला प्रशासन के द्वारा कार्यवाही तक नही करना कई सवालो को जन्म दे रहा है क्योकि ये भारी वाहन कलेक्टोरेट परिसर के सामने से ही गुजर रही है। ऐसे मे सवाल यही उठ रहा है कि क्या जिला प्रशासन पर फ्लाईएश माफिया हावी हो चुके है? जिसके कारण से उनपर कार्यवाही नही हो रही है। बहरहाल देखना है कि कुटेला-खम्हारडीह रोड़ के आसपास कई एकड़ के अवैध खदानो मे धड़ल्ले से पाटा जा रहा अवैध फ्लाईएश को रोकने में जिला प्रशासन क्या रवैया अपनाता है।



